कवि साहिर लुधियानवी का गीत
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बोल न बोल ऐ जाने वाले
गीतकार – साहिर लुधियानवी
फिल्म - राही
बोल न बोल ऐ जाने वाले
सुन तो ले दीवानों की
अब नहीं देखी जाती हम से
यह हालत अरमानों की
भूल सकता है भला कौन ये प्यारी आंखें
गीतकार – साहिर लुधियानवी
फिल्म - धर्मपुत्र
भूल सकता है भला कौन ये प्यारी आंखें
रंग में डुबी हुई नींद से भरी आंखें
भूल सकता है भला कौन, ये प्यारी आंखे...
मेरी हर सांस ने, हर सोच ने चाहा है तुम्हें
मतलब निकल गया है तो पहचानते नहीं
गीतकार – साहिर लुधियानवी
फिल्म - अमानत
मतलब निकल गया है तो पहचानते नहीं
यूंजा रहे हैं जैसे हमे जानते नहीं
मतलब निकल गया है तो...
अपनी गरज थी तब तो लिपटना क़ुबूल था
बांहों के दायरे में सिमटना क़ुबूल था
मायूस तो हूं वादे से तेरे
गीतकार – साहिर लुधियानवी
फिल्म - बरसात की रात
मायूस तो हूं वादे से तेरे
कुछ आस नहीं कुछ आस भी है
मैं अपने खयालों के सदक़े
तू पास नहीं और पास भी है
मांग में भर ले रंग सखी री
गीतकार – साहिर लुधियानवी
फिल्म - मुझे जीने दो
मांग में भर ले रंग सखी री
आंचल भर ले तारे
मिलन रुत आ गई
मिलन रूत आ गई, मिलन रूत आ गई
मिलन रूत आ गई
जाएगी तू उन संग सखी री
जो तोहे लागे प्यारे
मिले जितनी शराब मैं तो पीता हूं
गीतकार – साहिर लुधियानवी
मिले जितनी शराब मैं तो पीता हूं
रखे कौन ये हिसाब मैं तो पीता हूं
एक इनसान हूं मैं फ़रिश्ता नहीं
जो फ़रिश्ते बनें उनसे रिश्ता नहीं
मुकद्दरका लिखा मिटता नहीं
गीतकार – साहिर लुधियानवी
उमर : मुकद्दरका लिखा मिटता नहीं आंसू बहाने से
. ये तो होनी है जो होकर रहेगी हर बहाने से
. अगर जीने की ख़्वाहिश है तो मस्तों की तरह जी ले
मुर्गा मुर्गी प्यार से देखे
गीतकार – साहिर लुधियानवी
फिल्म - दो कलियां
मुर्गा मुर्गी प्यार से देखे
नन्हा चूजा खेल करे
मैं किसको बोलूं जो मेरे
मात पिता का मेल करे
मेरे दिल में आज क्या है
गीतकार – साहिर लुधियानवी
फिल्म - दाग़
मेरे दिल में आज क्या है तू कहे तो मैं बता दूं
तेरी ज़ुल्फ़ फिर संवारूं तेरी मांग फिर सजा दूं
मेरे दिल में आज क्या है
तू कहे तो मैं बता दूं...
महफिल से उठ जाने वालो
गीतकार – साहिर लुधियानवी
फिल्म - दूज का चांद
महफिल से उठ जाने वालो
तुम लोगों पर क्या इलज़ाम
तुम आबाद घरों के वासी
मैं आवारा हूं बदनाम
मेरे साथी, मेरे साथी
मेरे साथी, खाली जाम
मेरे साथी, खाली जाम...
दो दिन तुमने प्यार जताया